US Iran War 2026: अमेरिका-इजराइल ने ईरान पर 5000 मिसाइल हमले किए, 20 युद्धपोत डुबाए, 1000+ मारे गए। IRIS देना टारपीडो हमले में नष्ट। तेहरान और त्रिपोली में तबाही, मिडिल ईस्ट में तनाव और वैश्विक तेल सप्लाई पर खतरा।
Middle East Crisis: मध्य पूर्व में तनाव अब चरम पर है। अमेरिका और इजराइल के हमलों में ईरान के 20 युद्धपोत डूब गए हैं और 5000 से ज्यादा मिसाइलें दागी गई हैं। इन हमलों में अब तक 1000 से अधिक लोग मारे गए हैं। ईरान ने भी पलटवार किया और मिडिल ईस्ट के 9 देशों में अमेरिकी बेस पर हमले किए। इस बीच, इजराइल ने लेबनान के त्रिपोली शहर में स्थित सबसे बड़े फिलिस्तीनी शरणार्थी कैंप बेद्दावी रिफ्यूजी कैंप को निशाना बनाया। इस हमले में हमास नेता वसीम अतल्लाह अल-अली और उनकी पत्नी की मौत हो गई।
IRIS देना टारपीडो हमला: भारत से लौटते ईरानी नौसैनिकों की सुरक्षा खतरे में
भारत से लौट रहे ईरानी युद्धपोत IRIS देना पर श्रीलंका के पास अमेरिकी पनडुब्बी ने टॉरपीडो से हमला किया। जहाज पर 180 नौसैनिक सवार थे, जिनमें 87 मारे गए और 32 घायल हुए। शेष नौसैनिकों की खोज और बचाव ऑपरेशन जारी है। यह जहाज पिछले महीने विशाखापट्टनम में आयोजित इंटरनेशनल फ्लीट रिव्यू में हिस्सा लेकर लौट रहा था।

क्या तेहरान और त्रिपोली में हो रही तबाही का असर वैश्विक सुरक्षा पर पड़ेगा?
ईरानी मीडिया ने तेहरान में हुए नुकसान का फुटेज जारी किया। वीडियो में कई इमारतें पूरी तरह ढह चुकी हैं और लोग मलबे में अपने घरों के पास घूमते हुए दिख रहे हैं। वहीं लेबनान के त्रिपोली में बेद्दावी फिलिस्तीनी शरणार्थी कैंप पर इजराइली ड्रोन ने हमला किया। हमास नेता वसीम अतल्लाह अल-अली और उनकी पत्नी की मौत की खबर है।
ईरान की चेतावनी: क्या इजराइल का न्यूक्लियर सेंटर खतरे में है?
ईरानी सैन्य अधिकारी ने चेताया है कि अगर अमेरिका और इजराइल ईरान में सत्ता परिवर्तन की कोशिश करते हैं, तो डिमोना न्यूक्लियर सेंटर को निशाना बनाया जा सकता है। दक्षिणी इजराइल स्थित इस परमाणु केंद्र पर किसी भी हमले की संभावना पर दुनिया की नज़र टिकी हुई है।
पानी और बिजली की आपूर्ति प्रभावित: क्या आम लोग संकट में हैं?
ईरानी ऊर्जा मंत्री अब्बास अलीआबादी ने कहा कि अमेरिकी और इजराइली हमलों की वजह से देश के कई हिस्सों में पानी और बिजली सप्लाई बंद हो गई है। मरम्मत का काम लगातार चल रहा है। उन्होंने लोगों से अपील की कि इस समय पानी और बिजली का इस्तेमाल बचत के साथ करें ताकि आपात स्थिति में समस्या न बढ़े। ईरानी मीडिया ने तेहरान में हुए नुकसान का वीडियो फुटेज भी जारी किया, जिसमें कई इमारतें पूरी तरह ध्वस्त दिखाई दे रही हैं।

मिडिल ईस्ट में अंतरराष्ट्रीय मदद: क्या यह संघर्ष को और बढ़ाएगा?
ऑस्ट्रेलिया ने भी सुरक्षा उपाय के तौर पर मिडिल ईस्ट में अपने कुछ सैन्य मदद भेजे हैं। प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने यह कदम तनाव कम करने के लिए बताया, लेकिन यह क्षेत्रीय स्थिति और तनाव को बढ़ा सकता है।
क्या युद्ध के इस दौर में नागरिक सुरक्षित हैं?
नेशनल यूनियन ऑफ सीफेयरर्स ऑफ इंडिया (NUSI) ने ईरानी और अन्य वॉरशिप क्रू के लिए सुरक्षित शिपिंग रूट की मांग की है। MKD व्योम और अन्य जहाजों के क्रू सदस्यों की सुरक्षा के लिए अंतरराष्ट्रीय निगरानी और पारदर्शी जांच की जरूरत बताई जा रही है।


