FD से हर महीने ज्यादा पैसे कमाएं! सीनियर सिटिजन को शानदार रिटर्न दे रहे ये 10 बैंक
Best FD Rates for Seniors: पिछले साल FD में ब्याज दरें घट गई हैं। RBI ने रेपो रेट 125 बेसिस पॉइंट कम करने के बाद बैंक और NBFCs ने FD रेट्स कम किए। लेकिन अच्छी खबर ये है कि फरवरी 2026 में कुछ बैंक सीनियर सिटिजन को शानदार रिटर्न दे रहे हैं।देखें लिस्ट

सीनियर सिटिजन को सबसे ज्यादा FD रेट देने वाले 5 सरकारी बैंक
बैंक ऑफ बड़ौदा (BoB)- 7.00%
पंजाब नेशनल बैंक (PNB)- 6.90%
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया- 6.75%
बैंक ऑफ महाराष्ट्र- 6.70%
यूनियन बैंक ऑफ इंडिया- 6.70%
सीनियर सिटिजन को सबसे ज्यादा FD रेट देने वाले 5 प्राइवेट बैंक
YES बैंक- 7.75%
बंधन बैंक- 7.70%
RBL बैंक- 7.70%
IDFC फर्स्ट बैंक- 7.50%
इंडसइंड बैंक- 7.50%
सरकारी और प्राइवेट बैंक में कितना रिटर्न?
सबसे ज्यादा प्राइवेट बैंक FD रेट (7.75%) और PSU बैंक रेट (7.00%) के बीच 0.75 परसेंट का अंतर है। जैसे अगर आप 10 लाख रुपए का 1 साल का फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) लगाते हैं, तो यह अंतर लगभग 7,500 रुपए अतिरिक्त ब्याज के रूप में बन सकता है।
FD इंश्योरेंस क्या है?
सभी बैंक डिपॉजिट्स को DICGC (Deposit Insurance & Credit Guarantee Corporation) के तहत कस्टमर प्रति बैंक 5 लाख रुपए तक सुरक्षित हैं। यह राशि मूलधन और ब्याज दोनों पर लागू होती है। अगर आपके पास 5 लाख से ज्यादा निवेश है, तो आप अलग-अलग बैंक में FD खोल सकते हैं।
सीनियर सिटिजन को FD में निवेश कैसे करना चाहिए?
- ज्यादातर बैंक सिर्फ कुछ खास टेन्योर पर हाईएस्ट रेट देते हैं (जैसे 444 या 555 दिन)। इस पर जरूर ध्यान दें।
- कुछ बैंक FD जल्दी तोड़ने पर अर्ली विदड्रॉल पेनल्टी लगाते हैं, जो 0.5-1% तक हो सकता है।
- रेगुलर इनकम के लिए मंथली या तिमाही भुगतान ऑप्शन चुनें।
- FD ब्याज पूरी तरह टैक्सेबल है। अगर आपकी कुल आय टैक्सेबल लिमिट से कम है, तो फॉर्म 15H भरकर TDS कटौती से बच सकते हैं।
- भले ही प्राइवेट बैंक अधिक रिटर्न दे रहे हैं, सीनियर्स को ध्यान देना चाहिए कि बैंक में निवेश के लिए खुद की सुविधा और भरोसा देखें। निवेश को अलग-अलग बैंक में लगाएं।
- इंश्योरेंस लिमिट से ज्यादा रकम एक ही बैंक में न रखें।
डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल सिर्फ जानकारी के लिए है। इसमें दी गई FD रेट्स BankBazaar.com के अनुसार लेटेस्ट अपडेट्स हैं। इसे बैंकिंग जानकारी बैंक या वित्तीय सलाह न मानें। FD रेट्स समय-समय पर बदल सकते हैं, इसलिए निवेश से पहले संबंधित बैंक या वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें।
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