Lakhimpur Kheri News: लखीमपुर खीरी में सीएम योगी आदित्यनाथ ने थारू जनजाति व अन्य परिवारों को भौमिक अधिकार पत्र वितरित किए। साथ ही आवास योजना, आंगनबाड़ी भर्ती, ODOP और सूर्यघर योजना के तहत लाभार्थियों को चाबी, नियुक्ति पत्र और आर्थिक सहायता दी गई। जानिए पूरी डिटेल।
Yogi Adityanath Lakhimpur Kheri News: लखीमपुर खीरी के चंदन चौकी (पलिया) क्षेत्र में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में योगी आदित्यनाथ ने विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत लाभार्थियों को बड़ी सौगात दी। इस दौरान उन्होंने थारू जनजाति और पूर्वी उत्तर प्रदेश से आकर बसे परिवारों को भौमिक अधिकार पत्र वितरित किए, जिससे उन्हें जमीन पर कानूनी स्वामित्व मिला।
थारू जनजाति को मिला भौमिक अधिकार, सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने थारू जनजाति के कई परिवारों को भौमिक अधिकार पत्र सौंपे। इस पहल का उद्देश्य लंबे समय से भूमि पर रह रहे लोगों को वैधानिक अधिकार देना और उन्हें मुख्यधारा से जोड़ना है। भौमिक अधिकार मिलने से इन परिवारों की सामाजिक और आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।
लाभार्थियों को सीधे मंच से मिला फायदा
इस कार्यक्रम में कई लाभार्थियों को सीधे मुख्यमंत्री के हाथों से प्रमाण पत्र और सहायता प्रदान की गई। भौमिक अधिकार पत्र पाने वालों में बालकृष्ण, रामखेलावन, भज्जीराम, रामनरेश और रामकुमार जैसे नाम शामिल रहे। इससे कार्यक्रम का महत्व और भी बढ़ गया।
आंगनबाड़ी भर्ती में महिलाओं को मिला नियुक्ति पत्र
आंगनबाड़ी भर्ती के तहत ध्यानपुर की ऊषा देवी, पुरैना की संध्या कुमारी और सूरमा की मीना कुमारी को नियुक्ति पत्र दिए गए। इससे स्थानीय स्तर पर महिलाओं को रोजगार के अवसर मिले और ग्रामीण विकास को बढ़ावा मिला।
मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत मिला घर
मुख्यमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत ध्यानपुर की बल्लू देवी, शीतल और बेबी को उनके नए घरों की चाबी सौंपी गई। यह योजना गरीब परिवारों को पक्का मकान उपलब्ध कराने में अहम भूमिका निभा रही है।
ODOP और अन्य योजनाओं से मिला आर्थिक सहयोग
एक जिला-एक उत्पाद (ODOP) योजना के तहत अंशु गुप्ता, शिव गुप्ता और संस्कार अग्रवाल को आर्थिक सहायता के रूप में चेक दिए गए। इसके अलावा प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत कुंवर सेन, अमित जिंदल और रामचंद्र को भी लाभ प्रदान किया गया। नाबार्ड द्वारा संचालित योजना के तहत पूनम विश्वकर्मा को भी चेक दिया गया, जिससे स्वरोजगार और आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा।


