Kanpur Metro News: कानपुर मेट्रो परियोजना तेजी से अपने अंतिम चरण में पहुंच रही है। कॉरिडोर-1 के कई हिस्सों में संचालन शुरू हो चुका है, जबकि बाकी सेक्शन में ट्रायल रन जारी है। कॉरिडोर-2 का निर्माण भी तेजी से चल रहा है, जो 2027 तक पूरा होगा। जानिए पूरी डिटेल।

Kanpur Metro Project Update 2026: योगी आदित्यनाथ के विकास विजन के तहत उत्तर प्रदेश के प्रमुख शहरों में आधुनिक, तेज और पर्यावरण के अनुकूल मेट्रो नेटवर्क को तेजी से विस्तार दिया जा रहा है। इसी दिशा में कानपुर में बन रही मेट्रो परियोजना अपने अंतिम चरण की ओर बढ़ रही है।

Kanpur Metro Project Update: कॉरिडोर-1 पर तेजी से बढ़ रहा काम

कानपुर मेट्रो का कॉरिडोर-1 आईआईटी कानपुर से नौबस्ता तक करीब 23 किलोमीटर लंबा है। इसमें से 15.4 किलोमीटर हिस्से पर मेट्रो का संचालन पहले ही शुरू हो चुका है। बाकी हिस्सों में अंडरग्राउंड और एलिवेटेड सेक्शन का काम तेजी से जारी है। झकरकट्टी से ट्रांसपोर्ट नगर के बीच बनने वाले दो भूमिगत स्टेशनों का निर्माण लगभग पूरा हो चुका है और अब अंतिम फिनिशिंग का काम चल रहा है। टीबीएम द्वारा बनाई गई सुरंग में अप लाइन पर ट्रैक बिछ चुका है, जबकि डाउन लाइन का काम अंतिम चरण में है।

Elevated Stations Trial Run: बारादेवी से नौबस्ता तक ट्रायल जारी

बारादेवी से नौबस्ता के बीच पांच एलिवेटेड मेट्रो स्टेशनों का स्ट्रक्चर तैयार हो चुका है और अब इनका फिनिशिंग कार्य तेजी से किया जा रहा है। जनवरी 2026 से इस सेक्शन में मेट्रो ट्रेनों का टेस्टिंग और ट्रायल रन शुरू हो चुका है। उम्मीद है कि जल्द ही इस हिस्से में भी यात्रियों के लिए मेट्रो सेवा शुरू कर दी जाएगी।

Corridor-2 Construction: सीएसए यूनिवर्सिटी से बर्रा तक तेज निर्माण

कानपुर मेट्रो के कॉरिडोर-2 का निर्माण भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। यह कॉरिडोर सीएसए यूनिवर्सिटी से बर्रा तक लगभग 8.6 किलोमीटर लंबा होगा। रावतपुर से डबल पुलिया के बीच तीन अंडरग्राउंड स्टेशनों का काम जारी है और सुरंग निर्माण लगभग पूरा हो चुका है। वहीं सीएसए यूनिवर्सिटी/विजय नगर से बर्रा तक पांच एलिवेटेड स्टेशनों का निर्माण भी प्रगति पर है। इस कॉरिडोर को मार्च 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

Kanpur Metro Benefits: ट्रैफिक और प्रदूषण में होगी कमी

कानपुर मेट्रो परियोजना पूरी होने के बाद शहर की ट्रांसपोर्ट व्यवस्था में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। इससे ट्रैफिक जाम कम होगा, प्रदूषण घटेगा और लोगों को तेज, सुरक्षित व सुविधाजनक यात्रा का विकल्प मिलेगा। इसके साथ ही यह परियोजना शहर के आर्थिक विकास को भी नई रफ्तार देगी और कानपुर को एक आधुनिक शहर के रूप में स्थापित करेगी।