इस्लामाबाद की मस्जिद में हुए आतंकी हमले में 31 की मौत और 170 घायल हुए। इस्लामिक स्टेट ने हमले की जिम्मेदारी ली है। रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने हमले की निंदा की और आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में पाकिस्तान को सहयोग का वादा किया।

इस्लामाबाद: रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद की एक मस्जिद में हुए घातक बम धमाके की कड़ी निंदा की है और सुरक्षा मामलों में पाकिस्तान को पूरा समर्थन देने का वादा किया है। उन्होंने इस क्रूर हमले को बर्बर बताया और आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में पाकिस्तान को पूरा साथ देने की पेशकश की। पुतिन ने पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी और प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को भेजे एक संदेश में अपनी संवेदना व्यक्त की और पीड़ितों एवं पाकिस्तान के लोगों के साथ एकजुटता दिखाई।

अपने शोक संदेश में उन्होंने कहा कि एक धार्मिक कार्यक्रम के दौरान लोगों की हत्या करना आतंकवाद के क्रूर और अमानवीय चेहरे का एक और सबूत है। उन्होंने घायलों के जल्द ठीक होने की भी कामना की। उन्होंने यह भी साफ किया कि मॉस्को सुरक्षा मामलों और आतंकवाद विरोधी अभियानों में इस्लामाबाद के साथ सहयोग मजबूत करने के लिए तैयार है। रूस का पाकिस्तान के साथ यह सहयोग ऐसे समय में आया है जब भारत, अमेरिका के साथ व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर करके ट्रंप के करीब आया है। माना जा रहा है कि यह भारत के लिए एक झटका हो सकता है।

इस्लामिक स्टेट ने पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में एक शिया मुस्लिम मस्जिद पर हुए आतंकी हमले की जिम्मेदारी ली है। उसने अपने टेलीग्राम चैनल के जरिए यह जानकारी दी। पुलिस और सरकारी अधिकारियों ने बताया कि शुक्रवार को मस्जिद में नमाज के दौरान हुए एक आत्मघाती बम विस्फोट में कम से कम 31 लोग मारे गए और लगभग 170 अन्य घायल हो गए। यह धमाका शहजाद टाउन इलाके के तेरलाई इमामबाड़े में जुमे की नमाज के दौरान हुआ। सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियो भी वायरल हो रहे हैं, जिनमें पुलिस अधिकारी और स्थानीय लोग घायलों को पास के अस्पतालों में ले जा रहे हैं।

यह हमला बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी और पाकिस्तानी सेना के बीच कुछ दिन पहले हुई बड़ी झड़प के बाद हुआ है। यह इस्लामाबाद में रिपोर्ट किया गया दूसरा धमाका है। पिछले नवंबर में यहां एक आत्मघाती हमले में 12 लोग मारे गए थे। पाकिस्तान के संसदीय मामलों के मंत्री तारिक फजल चौधरी ने एक्स पर इस हमले को कायरतापूर्ण कार्रवाई बताया। उन्होंने मारे गए लोगों के परिवारों के प्रति दुख जताया। विपक्षी नेता अल्लामा राजा नासिर अब्बास ने कहा कि यह एक बड़ी सुरक्षा चूक है और किसी भी सूरत में पूजा स्थलों को निशाना बनाना बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। वहीं, पाकिस्तान ने हमले के पीछे भारत का हाथ होने का आरोप लगाया था, लेकिन भारत ने इस आरोप को खारिज कर दिया।