'ऑपरेशन सिंदूर' में सफल रहीं 'स्कैल्प' मिसाइलों की भारत और खरीद करेगा। फ्रांस के साथ यह 3200 करोड़ रुपये का रक्षा सौदा अंतिम चरण में है। ये मिसाइलें वायुसेना और नौसेना के राफेल विमानों पर भी लगाई जाएंगी।
नई दिल्ली: पाकिस्तान में आतंकी ठिकानों को तबाह करने वाले 'ऑपरेशन सिंदूर' में अहम भूमिका निभाने वाली 'स्कैल्प' क्रूज मिसाइलों को भारत बड़ी संख्या में खरीदने की तैयारी कर रहा है। भारत फ्रांस के साथ लगभग 3200 करोड़ रुपये (300 मिलियन यूरो) के रक्षा सौदे की जमीन तैयार कर रहा है। और स्कैल्प मिसाइलें खरीदने की मांग वायुसेना ने रखी थी। रक्षा सूत्रों ने बताया कि फ्रांस के साथ बातचीत आखिरी दौर में है और जल्द ही कोई फैसला हो सकता है।
भारत ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में 'ऑपरेशन सिंदूर' को अंजाम दिया था। भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान के मुरीदके और बहावलपुर में जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी ठिकानों को तबाह करने के लिए राफेल विमानों से स्कैल्प और ब्रह्मोस मिसाइलों का इस्तेमाल किया था। ये मिसाइलें बेहद सटीकता से अपने लक्ष्यों को भेदने में कामयाब रहीं। भारतीय सेना ने स्कैल्प मिसाइलों का इस्तेमाल पाकिस्तानी वायुसेना के 12 ठिकानों को तबाह करने और कई लड़ाकू और जासूसी विमानों को नष्ट करने के लिए भी किया।
जानें कितना खतरना है स्कैल्प मिसाइल
स्कैल्प मिसाइलें 250 से 500 किलोमीटर दूर तक के लक्ष्यों को भेदने में सक्षम हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, रक्षा मंत्रालय ने मौजूदा विमानों के अलावा 114 और राफेल लड़ाकू विमान खरीदने की प्रक्रिया भी तेज कर दी है। अगले 10-15 सालों में भारत के पास करीब 200 राफेल विमान होंगे। भारतीय नौसेना के लिए खरीदे जाने वाले 26 राफेल मरीन विमानों में भी स्कैल्प मिसाइलें लगाई जाएंगी।
इस क्षेत्र में बढ़ती सुरक्षा चुनौतियों को देखते हुए, उम्मीद है कि रक्षा अधिग्रहण परिषद (DAC) आने वाले दिनों में इस सौदे को आधिकारिक मंजूरी दे देगी। ये अहम कदम ऐसे समय में उठाए जा रहे हैं जब फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों इस महीने के अंत में भारत का दौरा करने वाले हैं।
