नैरोबी एयरपोर्ट पर एक चीनी नागरिक 2,000 से ज़्यादा संरक्षित रानी चींटियों की तस्करी करते पकड़ा गया। इन 'जायंट अफ्रीकन हार्वेस्टर' चींटियों को अवैध रूप से चीन ले जाया जा रहा था। यूरोप-एशिया में इनकी पालतू जानवर के रूप में मांग है।
केन्या की राजधानी नैरोबी के जोमो केन्याटा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक चीनी नागरिक को 2,000 से ज़्यादा ज़िंदा रानी चींटियों की तस्करी करते हुए पकड़ा गया है। एयरपोर्ट पर सिक्योरिटी चेकिंग के दौरान, झांग केकियांग नाम के इस शख्स के सामान से ये चींटियां मिलीं, जिन्हें वह चीन ले जाने की फिराक में था। आपको बता दें कि अंतरराष्ट्रीय जैव विविधता संधियों (international biodiversity treaties) के तहत इन चींटियों को संरक्षित जीवों की लिस्ट में रखा गया है। इसलिए इन्हें एक देश से दूसरे देश ले जाना या इनका व्यापार करना गैर-कानूनी है।
ये कोई मामूली चींटियां नहीं
केन्या वाइल्डलाइफ सर्विस (Kenya Wildlife Service) ने पिछले साल ही चेतावनी दी थी कि यूरोप और एशिया में 'मेसर सेफालोट्स' (Messor cephalotes) नाम की इन गार्डन चींटियों की मांग बढ़ रही है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, लोग इन्हें पालतू जानवर की तरह पाल रहे हैं। जांच अधिकारियों ने कोर्ट को बताया कि झांग केकियांग एक बड़े चींटी तस्कर गैंग का हिस्सा हो सकता है। पिछले साल भी केन्या में ऐसे ही एक रैकेट का भंडाफोड़ हुआ था।
जिन चींटियों को स्मगल किया जा रहा था, वे 'जायंट अफ्रीकन हार्वेस्टर चींटियां' (Giant African harvester ants) हैं। KWS के मुताबिक, ये पर्यावरण के लिए बहुत ज़रूरी हैं। इन्हें इनके प्राकृतिक घर से हटाने पर मिट्टी की सेहत और बायोडायवर्सिटी (जैव विविधता) पर बुरा असर पड़ता है। तस्करों का निशाना यूरोप और एशिया के अमीर लोग और विदेशी पालतू जानवरों के बाजार होते हैं।
कैसे छिपाई थीं 2000 चींटियां?
सरकारी वकील ने कोर्ट में बताया कि झांग ने कुछ चींटियों को टेस्ट ट्यूब में और कुछ को टिशू पेपर के रोल्स में छिपा रखा था। उसके निजी सामान से खास टेस्ट ट्यूब में पैक की गईं 1,948 रानी चींटियां मिलीं। इसके अलावा, टिशू पेपर के तीन रोल्स में 300 और ज़िंदा चींटियां छिपाई गई थीं। जांच टीम ने झांग का फोन और लैपटॉप फोरेंसिक जांच के लिए भेजने की इजाज़त भी मांगी है।
चींटी तस्करी का बड़ा रैकेट
अधिकारियों का कहना है कि जांच का दायरा केन्या के दूसरे शहरों तक बढ़ाया जाएगा, जहां से इन चींटियों को पकड़ा जा रहा है। उन्हें और गिरफ्तारियों की उम्मीद है। पिछले साल मई में, दो बेल्जियम, एक वियतनाम और एक केन्या के नागरिक को हज़ारों ज़िंदा रानी चींटियों की तस्करी के आरोप में पकड़ा गया था। केन्या की एक अदालत ने उन्हें एक साल की जेल या 5,800 पाउंड (करीब 6 लाख रुपये) का जुर्माना लगाया था। यह केन्या में चींटी तस्करी से जुड़ा पहला बड़ा मामला था। जांच टीम ने कोर्ट को यह भी बताया कि झांग उसी गैंग का मुख्य आदमी है और पिछले साल की कार्रवाई के दौरान वह नकली पासपोर्ट का इस्तेमाल करके भाग निकला था।
