छत्तीसगढ़ विधानसभा सत्र 2026 में राज्यपाल रमेन डेका ने विकसित छत्तीसगढ़ 2047 का विजन रखा। किसान कल्याण, महिला सशक्तिकरण, नक्सल उन्मूलन, औद्योगिक निवेश, शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी ढांचे पर सरकार की उपलब्धियां और योजनाएं विस्तार से बताई गईं।
रायपुर। राज्यपाल श्री रमेन डेका ने छत्तीसगढ़ की 6वीं विधानसभा के अष्टम सत्र को संबोधित किया। विधानसभा पहुंचने पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत ने उनका स्वागत किया। राज्यपाल ने राज्य स्थापना की रजत जयंती और विधानसभा के 25 वर्ष पूरे होने पर सभी सदस्यों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा विधानसभा के नए भवन का लोकार्पण होना प्रदेश के लिए गौरव का विषय है। उन्होंने वर्ष 2047 तक विकसित छत्तीसगढ़ बनाने का लक्ष्य दोहराते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों से यह लक्ष्य अवश्य प्राप्त होगा।
विकसित छत्तीसगढ़ 2047 विजन: अंत्योदय और समावेशी विकास पर फोकस
राज्यपाल ने कहा कि सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता अंत्योदय यानी अंतिम व्यक्ति का कल्याण है। सभी नीतियां इस सोच के साथ बनाई जा रही हैं कि उनका लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुंचे। महिला सशक्तिकरण को समावेशी विकास का महत्वपूर्ण आधार बताते हुए वर्ष 2026 को ‘महतारी गौरव वर्ष’ के रूप में मनाने की जानकारी दी।
किसान कल्याण योजना: समर्थन मूल्य पर रिकॉर्ड धान खरीदी
सरकार ने 25 लाख 24 हजार किसानों से 141.04 लाख मीट्रिक टन धान खरीदा और 33 हजार 431 करोड़ रुपये का भुगतान किया। ‘कृषक उन्नति योजना’ के तहत होली से पहले 10 हजार 292 करोड़ रुपये देने का निर्णय लिया गया। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से 24 लाख 72 हजार किसान लाभान्वित हो रहे हैं। भूमिहीन मजदूरों को ‘दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना’ के तहत सालाना 10 हजार रुपये दिए जा रहे हैं। बीज उत्पादन में आत्मनिर्भरता, मिलेट्स, दलहन-तिलहन प्रोत्साहन, पाम ऑयल पर टॉपअप अनुदान और जैविक खेती को बढ़ावा दिया जा रहा है। दो वर्षों में 21 लाख क्विंटल प्रमाणित बीज वितरित किए गए।
सिंचाई और कृषि अधोसंरचना: 25 हजार हेक्टेयर में बढ़ी क्षमता
पिछले दो वर्षों में 25 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई क्षमता बढ़ाई गई। 477 योजनाओं के लिए 1874 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए। लंबित मुआवजा प्रकरणों का निपटारा करते हुए किसानों को 400 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया।
महिला सशक्तिकरण: महतारी वंदन योजना और सामूहिक विवाह रिकॉर्ड
‘महतारी वंदन योजना’ के तहत 69 लाख महिलाओं को हर महीने 1000 रुपये दिए जा रहे हैं। अब तक 24 किश्तों में 15 हजार 596 करोड़ रुपये जमा किए गए। ‘मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना’ के तहत 6,412 जोड़ों का सामूहिक विवाह हुआ, जो गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज हुआ।
नक्सल उन्मूलन और बस्तर विकास: नियद नेल्ला नार योजना
पिछले दो वर्षों में 532 माओवादी न्यूट्रलाइज, 2704 आत्मसमर्पण और 2004 गिरफ्तारियां हुईं। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में 728 मोबाइल टॉवर चालू किए गए और शिक्षा-स्वास्थ्य सेवाएं शुरू की गईं। बस्तर में 1109 करोड़ रुपये से सड़क और पुल निर्माण कार्य स्वीकृत हुए।
वनाधिकार और जनजातीय उत्थान: छत्तीसगढ़ देश में अव्वल
अब तक 4 लाख 83 हजार से अधिक व्यक्तिगत वनाधिकार पत्र और 48 हजार से अधिक सामुदायिक अधिकार पत्र जारी किए गए। तेंदूपत्ता संग्रहण मूल्य 4 हजार से बढ़ाकर 5500 रुपये किया गया। बस्तर पंडुम, ट्राइबल गेम्स और डिजिटल संग्रहालय जैसी पहलें जनजातीय संस्कृति को सहेजने के लिए की जा रही हैं।
शिक्षा और युवा: एजुकेशन हब और स्टार्टअप नीति 2025
नवा रायपुर को एजुकेशन हब के रूप में विकसित किया जा रहा है। 32 हजार पदों पर भर्ती प्रक्रिया जारी है। स्टार्टअप प्रोत्साहन नीति 2025-26 लागू की गई है। राज्य में साइंस सिटी, एस्ट्रो पार्क और मोबाइल साइंस लैब की स्थापना की जा रही है।
स्वास्थ्य सेवाएं: आयुष्मान योजना और नए मेडिकल कॉलेज
81 लाख परिवारों के आयुष्मान कार्ड बने हैं। 31 लाख से अधिक क्लेम में 4551 करोड़ रुपये का भुगतान हुआ। 5 नए मेडिकल कॉलेज स्थापित किए जा रहे हैं और एमबीबीएस की 250 सीटें बढ़ाई गई हैं।
औद्योगिक विकास और निवेश: 7.83 लाख करोड़ के प्रस्ताव
नई औद्योगिक नीति के तहत 7 लाख 83 हजार करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव आए हैं। सेमीकंडक्टर, आईटी, एआई और फार्मा क्षेत्र में निवेश बढ़ रहा है। 51 हजार करोड़ रुपये के रेलवे प्रोजेक्ट चल रहे हैं। दो नए एक्सप्रेस-वे बनाए जा रहे हैं।
ऊर्जा और बुनियादी ढांचा: सौर योजना और मुफ्त बिजली
15 लाख बीपीएल परिवारों को 30 यूनिट मुफ्त बिजली दी जा रही है। ‘प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना’ में राज्य सरकार 30 हजार रुपये अतिरिक्त अनुदान दे रही है।
पर्यटन, संस्कृति और विजन 2047
बस्तर के धुड़मारास को यूएन टूरिज्म संगठन ने सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गांव चुना है। अंजोर विजन डॉक्यूमेंट के तहत 2047 तक विकसित राज्य का लक्ष्य रखा गया है। राज्यपाल ने कहा कि सरकार जनता से फीडबैक लेकर नीतियां बना रही है और सामूहिक प्रयासों से छत्तीसगढ़ को विकसित राज्य बनाया जाएगा।


