लखनऊ में कन्वेंशन सेंटर, हेरिटेज भवनों के विकास और दुबग्गा फ्लाईओवर जैसी परियोजनाओं को मंजूरी मिली है। इससे शहर में इंफ्रास्ट्रक्चर, पर्यटन और यातायात व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

लखनऊ। लोकभवन में सोमवार को हुई कैबिनेट बैठक में राजधानी लखनऊ के बुनियादी ढांचे, हेरिटेज संरक्षण और यातायात व्यवस्था को मजबूत करने के लिए कई अहम परियोजनाओं को मंजूरी दी गई। इनमें इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर, ऐतिहासिक इमारतों का संरक्षण और दुबग्गा फ्लाईओवर जैसी योजनाएं शामिल हैं।

इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर: लागत बढ़कर 1435.25 करोड़

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई बैठक में लखनऊ के वृन्दावन योजना सेक्टर-15 में बनने वाले इंटरनेशनल एक्जीबिशन-सह-कन्वेंशन सेंटर की संशोधित लागत को मंजूरी दी गई। पहले इस परियोजना की लागत 1297.42 करोड़ रुपये तय की गई थी, लेकिन टेंडर प्रक्रिया के दौरान लागत बढ़ने के कारण इसे संशोधित कर 1435.25 करोड़ रुपये कर दिया गया। इस लागत में जीएसटी, लेवी, कंटीजेंसी और सुपरविजन चार्ज भी शामिल हैं।

अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस होगा कन्वेंशन सेंटर

यह कन्वेंशन सेंटर ईपीसी मॉडल पर बनाया जाएगा और इसमें कई आधुनिक सुविधाएं होंगी:

  • 10,000 लोगों की क्षमता वाला बड़ा कन्वेंशन हॉल
  • 2,500 लोगों की क्षमता का ऑडिटोरियम
  • बड़े स्तर पर पार्किंग की व्यवस्था
  • सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के आधुनिक सिस्टम

अंतरराष्ट्रीय आयोजनों का बनेगा प्रमुख केंद्र

इस परियोजना का उद्देश्य लखनऊ को अंतरराष्ट्रीय आयोजनों के लिए एक प्रमुख केंद्र बनाना है। यहां डिफेंस एक्सपो जैसे बड़े आयोजन किए जा सकेंगे। साथ ही, आसपास 5-स्टार और बजट होटल विकसित करने की योजना भी है, जिससे देश-विदेश से आने वाले लोगों को बेहतर सुविधा मिल सके। यह परियोजना लखनऊ को ग्लोबल इवेंट हब बनाने में मदद करेगी।

हेरिटेज संरक्षण: रोशन-उद-दौला और छतर मंजिल का विकास

योगी सरकार ने लखनऊ की ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण के लिए भी अहम फैसला लिया है। रोशन-उद-दौला भवन और छतर मंजिल को ‘एडाप्टिव रि-यूज’ के तहत पीपीपी मॉडल पर विकसित किया जाएगा। इसके लिए इन इमारतों की भूमि का स्वामित्व पर्यटन विभाग को मुफ्त में ट्रांसफर किया जाएगा। इन ऐतिहासिक भवनों को हेरिटेज टूरिज्म केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा, जिससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह फैसला विशेष परिस्थिति में लिया गया है और भविष्य में इसे सामान्य नियम नहीं माना जाएगा।

दुबग्गा फ्लाईओवर: ट्रैफिक जाम से मिलेगी राहत

लखनऊ-हरदोई मार्ग पर स्थित दुबग्गा चौराहे पर फ्लाईओवर निर्माण की परियोजना को भी मंजूरी दी गई है।

  • फ्लाईओवर की लंबाई: 1,811.72 मीटर
  • लेन: तीन लेन
  • कुल लागत: 305.31 करोड़ रुपये

दुबग्गा चौराहा शहर का एक व्यस्त यातायात केंद्र है। फ्लाईओवर बनने से यहां ट्रैफिक जाम की समस्या काफी कम हो जाएगी।

लखनऊ को आधुनिक और पर्यटन केंद्र बनाने की दिशा में कदम

सरकार का मानना है कि ये सभी परियोजनाएं मिलकर लखनऊ को एक आधुनिक, व्यवस्थित और आकर्षक शहर बनाएंगी।

  • बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर
  • मजबूत यातायात व्यवस्था
  • हेरिटेज संरक्षण
  • पर्यटन को बढ़ावा

इन योजनाओं से राजधानी का समग्र विकास सुनिश्चित होगा।