सार

मौनी अमावस्या और वसंत पंचमी पर महाकुम्भ में 8-10 करोड़ श्रद्धालुओं की उम्मीद। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन और संचार व्यवस्था को पुख्ता करने के निर्देश दिए। मेला क्षेत्र नो व्हीकल ज़ोन घोषित।

महाकुंभ (प्रयायगराज). महाकुंभ 2025 में देश-दुनिया के करोड़ों लोग मां गंगा में डुबकी लगाने के लिए पहुंच रहे हैं। खासकर शाही स्नान के मौके पर तो प्रयागराज में इतनी भीड़ हो जाती है कि पैर रखने की जगह भी नहीं बचती है। आगामी दिनों में जैसे मौनी अमावस्या और वसंत पंचमी और गणतंत्र दिवस के अवसर पर महाकुंभ मेला क्षेत्र में यह भीड़ कई गुना हो जाएगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भीड़ प्रबंधन और संचार तंत्र को और बेहतर करने के लिए अफसरों को 15 टास्क को पूरा करने के निर्देश दिए हैं। बताया जा रहा है कि मौनी अमावस्या पर 08-10 करोड़ श्रद्धालुओं की आने की संभावना है।

राष्ट्रपति-प्रधानमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री भी आएंगे महाकुंभ

दरअसल, रविवार को प्रयागराज पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहले मेला क्षेत्र का भ्रमण किया और फिर अधिकारियों के साथ बैठक कर आगे की व्यवस्थाओं के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि आगामी दिनों में राष्ट्रपति जी उपराष्ट्रपति जी, प्रधानमंत्री जी और केंद्रीय गृह मंत्री जी सहित अनेक गणमान्य जनों का प्रयागराज में आगमन प्रस्तावित है। 22 जनवरी को प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक भी यहां होगी। इस संबंध में सभी आवश्यक तैयारियां समय से कर ली जानी चाहिए।

 सीएम योगी ने प्रयागराज में अफसरों को दिए यह निर्देश

  1. मौनी अमावस्या और वसंत पंचमी पर मेलाक्षेत्र में वाहन पर प्रतिबंध, पांटून पुल पर हो वन-वे व्यवस्था

2. गणतंत्र दिवस, मौनी अमावस्या और वसंत पंचमी पर हो भीड़ प्रबंधन की बेहतर कार्ययोजना, कॉल ड्रॉप न हो

3. 25 जनवरी से 05 फरवरी तक के लिए महाकुम्भ में विशेष कार्ययोजना होगी लागू

4. लवे अधिकारियों से बोले मुख्यमंत्री, स्नान पर्वों पर पूरे दिन चलाएं स्पेशल ट्रेनें, सुनिश्चित करें प्लेटफार्म न बदला जाए।

5. मौनी अमावस्या पर 08-10 करोड़ श्रद्धालुओं के आगमन की संभावना, सुरक्षा और सफाई का विशेष ध्यान रखें।

6. बिजली, पानी, घाट, यातायात, सफाई, शौचालय, बस, ट्रेन हर बिंदु पर सतर्कता-संवेदनशीलता जरूरी

7. रूटीन गाड़ियों और मेला स्पेशल ट्रेनों के लिए अलग-अलग रेलवे स्टेशन हों तो बेहतर

8. श्रद्धालुओं की आस्था का पूरा सम्मान, व्यवस्था में लगे लोग आगे बढ़कर करें मदद: मुख्यमंत्री

9. सुबह से ही चलाएं शटल बसें, संख्या बढ़ाना आवश्यक

10. मुख्यमंत्री का निर्देश, मेला क्षेत्र में अलाव जलवाएँ, घाटों की सुरक्षा पर भी ध्यान

11. बिजली और पेयजल आपूर्ति हो, शौचालय और उसकी सफाई हो, पांटून पुलों का अनुरक्षण हो, अथवा भीड़ के मूवमेंट की रणनीति, हर एक बिंदु पर अच्छी तैयारी होनी चाहिए।

12. मीडिया और पुलिस हो या आम श्रद्धालु, मोबाइल नेटवर्क की जरूरत सभी को पड़ती है। मौनी अमावस्या के दृष्टिगत टॉवर क्षमता और कवरेज को और बेहतर किया जाना आवश्यक है।

13. रेलवे के अधिकारियों से संवाद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सुव्यवस्था बनाने में रेलवे की बड़ी भूमिका है। मकर संक्रांति का अनुभव सभी ने किया है। स्नान के बाद श्रद्धालु अपने गंतव्य जाना चाहता है इसलिए मेला स्पेशल ट्रेनें पूरे दिन चलाई जानी चाहिए।

14. मुख्यमंत्री ने कहा कि डिजिटल खोया पाया केंद्र के सुचारु संचालन में स्थानीय संस्थाओं के साथ बेहतर समन्वय होना चाहिए। ताकि लोग आसानी से अपने खोए हुए से मिल सकें।

15. सीएम ने कह-श्रद्धालुओं की आस्था का पूरा सम्मान होना चाहिए।किसी भी तरह की कोई गड़बडी़ नहीं हो। वहीं योगी ने यह भी कहा जो कोई भी इसमें सेवा करना चाहता है, वह आगे बढ़कर मदद करने के लिए आए और लग जाए।

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