लखनऊ में कूड़ा प्रबंधन को बेहतर बनाने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 250 इलेक्ट्रिक और CNG गाड़ियों को हरी झंडी दिखाई। उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार के प्रयासों से लखनऊ स्वच्छता और विकास में देश के टॉप शहरों में शामिल हो रहा है।

लखनऊ में स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण को लेकर एक बड़ा कदम उठाया गया है। बुधवार को मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने लखनऊ नगर निगम के कूड़ा प्रबंधन को मजबूत बनाने के लिए 250 नई इलेक्ट्रिक और CNG गाड़ियों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इन वाहनों के जरिए शहर में डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन व्यवस्था को और बेहतर बनाया जाएगा।

इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जब उत्तर प्रदेश की जनता ने “राजनीतिक कचरे” को हटाकर बदलाव का रास्ता चुना, तभी स्वच्छता और विकास के लिए बड़े काम संभव हो पाए। उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार के प्रयासों से आज लखनऊ स्वच्छता के मामले में देश के टॉप शहरों में गिना जा रहा है।

“2017 से पहले अंधेरे की संस्कृति थी”

कार्यक्रम के दौरान सीएम योगी ने विपक्ष पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि 2017 से पहले प्रदेश में अंधेरे की संस्कृति थी, क्योंकि उस समय की सरकारों को बिजली व्यवस्था सुधारने में दिलचस्पी नहीं थी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने पूरे प्रदेश में स्ट्रीट लाइट व्यवस्था को बदलते हुए LED लाइटें लगाईं, जिससे शहरों में रोशनी बढ़ी और बिजली की खपत भी कम हुई। उनका कहना था कि पहले पीली रोशनी वाली हैलोजन लाइटें लगाई जाती थीं, जो ज्यादा बिजली खाती थीं और सड़कों पर सही रोशनी भी नहीं देती थीं। आज स्थिति बदल चुकी है और शहरों में “दूधिया रोशनी” वाली LED लाइटें लगने से रात में भी सड़कें सुरक्षित और साफ दिखाई देती हैं।

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लखनऊ की बदलती तस्वीर

मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले नौ वर्षों में लखनऊ की तस्वीर काफी बदली है। आज शहर में साफ-सफाई, बेहतर सड़कें, मेट्रो सेवा और आधुनिक सुविधाओं के कारण बाहर से आने वाले लोग भी इसकी तारीफ करते हैं। उन्होंने बताया कि आज लखनऊ में मेट्रो सेवा का इस्तेमाल बड़ी संख्या में लोग कर रहे हैं और शहर तेजी से एक आधुनिक शहरी केंद्र के रूप में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि लखनऊ अब डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग के एक उभरते केंद्र के रूप में भी पहचान बना रहा है।

सोलर सिटी की दिशा में कदम

सीएम योगी ने बताया कि राज्य के कई नगर निकायों को सेफ सिटी और सोलर सिटी के रूप में विकसित किया जा रहा है। भगवान राम की नगरी Ayodhya को सोलर सिटी के रूप में विकसित किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi की प्रेरणा से चल रही सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत उत्तर प्रदेश में लाखों घरों में रूफटॉप सोलर पैनल लगाए गए हैं। इससे बिजली उत्पादन बढ़ा है और लोगों के बिजली बिल में भी कमी आई है।

इलेक्ट्रिक बस और मैन्युफैक्चरिंग पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने के लिए इलेक्ट्रिक बस सेवा का तेजी से विस्तार किया जा रहा है। शहरों की बस सेवाओं को धीरे-धीरे इलेक्ट्रिक बसों में बदला जा रहा है। उन्होंने बताया कि लखनऊ में Ashok Leyland की इलेक्ट्रिक बस मैन्युफैक्चरिंग यूनिट पहले से काम कर रही है और अब Tata Motors की यूनिट में भी जल्द इलेक्ट्रिक वाहनों का निर्माण शुरू होगा।

“बीमारू राज्य से ग्रोथ इंजन बना यूपी”

सीएम योगी ने कहा कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश को बीमारू राज्य कहा जाता था। गंदगी और अव्यवस्था के कारण इंसेफेलाइटिस, डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियां फैलती थीं। उन्होंने कहा कि अब हालात बदल चुके हैं और स्वच्छता अभियान के साथ-साथ स्वास्थ्य और विकास के क्षेत्र में भी राज्य ने बड़ी प्रगति की है।

क्लीन सिटी और ग्रीन सिटी की दिशा में पहल

मुख्यमंत्री ने कहा कि 250 नई इलेक्ट्रिक और CNG गाड़ियों के जुड़ने से लखनऊ में घर-घर कूड़ा संग्रहण व्यवस्था और मजबूत होगी। इससे शहर को क्लीन सिटी और ग्रीन सिटी बनाने में मदद मिलेगी। उन्होंने यह भी बताया कि गोमती नदी के आसपास के क्षेत्रों में अतिक्रमण हटाकर “सौमित्र वन” विकसित किया गया है, जो आज शहर के लिए एक नया आकर्षण बन चुका है। कार्यक्रम में नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा, लखनऊ की महापौर सुषमा खर्कवाल और कई विधायक व जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

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