सार
Waqf board bill protest: बिहार में वक्फ बोर्ड बिल के खिलाफ मुस्लिम समुदाय ने रमजान के आखिरी जुम्मे की नमाज के दौरान काली पट्टी बांधकर शांतिपूर्ण विरोध जताया।
Waqf board bill protest: बिहार में वक्फ बोर्ड बिल के विरोध में मुस्लिम समुदाय ने रमजान के आखिरी जुम्मे की नमाज के दौरान काली पट्टी बांधकर शांतिपूर्ण विरोध जताया। पटना, बेगूसराय, मुजफ्फरपुर, कटिहार समेत कई जिलों में मुस्लिम समुदाय ने इस बिल को अपने धार्मिक अधिकारों में हस्तक्षेप बताते हुए इसे वापस लेने की मांग की। ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (AIMPLB) के आह्वान पर यह विरोध प्रदर्शन हुआ और सरकार से बिल को रद्द करने की अपील की गई।
नया वक्फ बिल क्यों विवादित है?
वक्फ बोर्ड एक स्वायत्त संस्था होती है, जो मुस्लिम धार्मिक संपत्तियों का प्रबंधन करती है। वक्फ संपत्तियां वे संपत्तियां होती हैं, जो इस्लामिक धार्मिक कार्यों और धर्मार्थ उद्देश्यों के लिए दान की जाती हैं। मुस्लिम समुदाय का आरोप है कि सरकार वक्फ संपत्तियों पर नियंत्रण करने की कोशिश कर रही है। वे इसे धार्मिक स्वतंत्रता में हस्तक्षेप मानते हैं। मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का कहना है कि यह संविधान के मूल सिद्धांतों के खिलाफ है। समुदाय का दावा है कि इस बिल से वक्फ संपत्तियों को हड़पने का रास्ता साफ होगा।
बेगूसराय में अनोखा विरोध
बेगूसराय में रमजान के आखिरी जुम्मे की नमाज के दौरान सैकड़ों नमाजियों ने काली पट्टी बांधकर विरोध जताया। लोग मस्जिदों में तख्तियां और बैनर लेकर पहुंचे। विरोध कर रहे लोगों ने कहा कि अगर जरूरत पड़ी तो वे जेल जाने को भी तैयार हैं। बरौनी की मस्जिदों में भी AIMPLB की अपील पर विरोध हुआ।
पटना और मुजफ्फरपुर में शांतिपूर्ण प्रदर्शन
मुजफ्फरपुर में भी अलविदा जुम्मा की नमाज में काली पट्टी बांधकर विरोध किया गया।मस्जिदों में भारी संख्या में लोग आए और बिल को रद्द करने की मांग की। पटना में भी मुस्लिम समुदाय ने जामा मस्जिद और अन्य मस्जिदों में काली पट्टी बांधकर अलविदा जुम्मा की नमाज अदा की। गर्दनीबाग में पहले भी विरोध प्रदर्शन हो चुका था। AIMPLB की अपील पर लोग एकजुट हुए। प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा, मस्जिदों के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी गई थी।
कटिहार में भी दिखा विरोध
कटिहार में भी मस्जिदों में काली पट्टी बांधकर नमाज पढ़ी गई। फलका प्रखंड के मस्जिदों में मुस्लिम समुदाय ने विरोध दर्ज कराया। लोगों ने कहा कि वे अपनी धार्मिक संपत्तियों पर किसी भी तरह का नियंत्रण स्वीकार नहीं करेंगे। आपको बता दें कि ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (AIMPLB) ने देशभर के मुस्लिम समुदाय से शांतिपूर्ण विरोध करने की अपील की थी। लोगों से कहा गया कि वे काली पट्टी बांधकर जुमा-तुल-विदा की नमाज पढ़ें। मुसलमानों ने इसे अपना सामूहिक विरोध का तरीका बनाया। विरोध पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा और किसी भी तरह की हिंसा नहीं हुई।