Mahavir Swami Quotes: इस बार महावीर जयंती का पर्व 31 मार्च, मंगलवार को मनाया जा रहा है। जैनियों की चौबीसवें तीर्थंकर महावीर स्वामी के अनमोल वचन आज के समय में भी हमें सच्चाई का मार्ग दिखाते हैं और मानवता का पाठ पढ़ाते हैं।
Mahavir Jayanti 2026: जैन धर्म में 24 तीर्थंकर माने जाते हैं। इनमें अंतिम थे महावीर स्वामी। इस बार 31 मार्च को महावीर स्वामी का जयंती पर्व मनाया जा रहा है। महावीर स्वामी जन्म से राजकुमार थे लेकिन उन्होंने सत्य और अहिंसा के मार्ग को चुना और ज्ञान प्राप्त करके भगवान महावीर कहलाए। उनकी बताई गई बातें आज के समय में भी मानव समाज के लिए बहुत उपयोगी है। महावीर जयंती के मौके पर जानें उनके बताए 10 अनमोल वचन और इन्हें अपने जीवन में भी उतारें…
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महावीर स्वामी के 15 अनमोल वचन
1. मनुष्य का असली शत्रु उसके भीतर है, वो है- क्रोध, घमंड, लालच, आसक्ति और नफरत।
2. किसी भी जीव को मत मारो, उसे किसी तरह का कष्ट मत दो। सभी जीव जीना चाहते हैं, उन्हें भी हमारी तरह जीने का अधिकार है।
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3. हम सभी स्वयं के दोष के कारण ही दुखी होते हैं, उन्हें सुधारकर हम प्रसन्न भी हो सकते हैं।
4. हजारों शत्रुओं पर विजय पाने से अच्छा है खुद पर विजय पाना। जो स्वयं को जीत लेता है, वही सच्चा विजेता है।
5. हर जीवित प्राणी के प्रति हमें दया का भाव रखना चाहिए। घृणा से विनाश होता है और प्रेम से जीवन मिलता है।
6. अपनी जरूरतों को सीमित रखें। सुखों के पीछे भागना ही दुख का कारण है।
7. क्रोध मनुष्य का सबसे बड़ा शत्रु है, जो कुछ ही देर में सबकुछ नष्ट कर देता है। इसलिए क्षमा को अपनाएं।
8. हमें निरंतर सत्य का अभ्यास करना चाहिए और सत्य ही बोलना चाहिए।
9. मनुष्य की सबसे बड़ी गलती अपने वास्तवक रूप को न पहचानना है। यह केवल आत्मज्ञान प्राप्त करके ही जाना जा सकता है।
10. जो ज्ञान मन को नियंत्रित करे और आत्मा को शुद्ध करे, वही सच्चा ज्ञान है।
11. मन, वचन और कर्म से हिंसा न करना ही सच्ची अहिंसा है।
12. कभी चोरी न करना और बिना अनुमति कुछ न लेना ही सच्ची मानवता है।
13. किसी भी वस्तु का जरूरत से अधिक संग्रह न करें।
14. अपने साथी के प्रति सदैव वफादार रहें और अपनी इंद्रियों पर संयम रखें।
15. क्रोध और करुणा में से हमेशा करुणा की ही चुनना चाहिए।
