एक तरफ जहां बीजेपी को पश्चिम बंगाल से लेकर असम और पुदुचेरी के विधानसभा चुनाव में प्रचंड जीत मिली है। तीनों ही स्टेर में सरकार बनने जा रही है। लेकिन मोदी सरकार के दो मंत्री जो मध्य प्रदेश से सांसद हैं, वह चुनाव हार गए हैं। एल मुरुगन तमिलनाडुऔर जॉर्ज कुरियन केरल में बीजेपी उम्मीदवार थे।
पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, असम, केरल और पुदुचेरी में अब नई सरकार बनने जा रही है। पांच राज्यों विधानसभा चुनाव में तीन स्टेट में बीजेपी को जीत मिली है। खासकर बंगाल में तो भाजपा की ऐसी आंधी चली की ममता बनर्जी के मजबूत किला को भी ढहा दिया। वहीं दूसरी तरफ मध्य प्रदेश कोटे के दो राज्यसभा सांसदों को चुनाव हारना पड़ा है। जिसमें एक तो मोदी सरकार में केंद्रीय मंत्री भी हैं।
कौन हैं मोदी सरकार के दोनों केंद्रीय मंत्री
दरअसल, हम बात कर रहे हैं केंद्र सरकार में मंत्री एल. मुरुगन और सांसद जॉर्ज कुरियन की जो दक्षिण भारत में चुनाव हार गए हैं। दोनों ही नेता भारतीय जनता पार्टी की तरफ से मध्य प्रदेश कोटे से राज्यसभा सांसद भी हैं। बीजेपी ने दोनों को नेताओं को बड़ी उम्मीद से अपने अपने स्टेट में विधानसभा चुनाव जीतने के लिए मैदान में उतारा था। लेकिन दोनों को ही हार का सामना करना पड़ा। अब बड़ा सवाल यह है कि क्या वह सांसद रहेंगे। मोदी सरकार में मिनिस्टर मुरुगन मंत्री पद से इस्तीफा देंगे।
बीजेपी के अध्यक्ष होने के बाद भी हार गए चुनाव
सबसे पहले बात करते हैं केंद्र सरकार में मंत्री एल. मुरुगन की, जिन्हें तमिलनाडु की अविनाशी (SC) सीट से बीजेपी ने चुनावी मैदान में उतारा था। मुरुगन तमिलनाडु बीजेपी के पूर्व अध्यक्ष भी रह चुके हैं, उम्मीद थी कि वह इलेक्शन जीत जाएंगे। लेकिन विजय की पार्टी टीवीके की आंधी में वह बिखर गए। तमिलगा वेत्री कड़गम - TVK के कैंडिडेट कमाली एस. ने मुरुगन को चुनाव हरा दिया।
कौन हैं मोदी के मिनिस्टर कुरियन जो हारे विधायक का चुनाव
दूसरे नंबर पर बात करते हैं केंद्रीय मंत्री जॉर्ज कुरियन की, जिन्हें बीजेपी ने केरल के विधानसभा चुनाव में उम्मीदवार बनाया था। जो कांजीरापल्ली सीट से चुनावी मैदान में थे। लेकिन लोकल राजनीति में वह जनता का दिल नहीं जीत सके, जबकि वह जहां से चुनाव लड़े वो ईसाई बहुल इलाका है। लेकिन इसके बाद भी वह तीसरे नंबर पर रहे। उन्हें कांग्रेस के रोनी के. बेबी ने बड़े अंतर से चुनाव हरा दिया।


