27 फरवरी 2026 को अफगान तालिबान ने पाकिस्तान पर हवाई हमले का दावा किया। पाकिस्तान ने कहा कि छोटे ड्रोन गिरा दिए गए और कोई नुकसान नहीं हुआ। इस्लामाबाद के डिफेंस सिस्टम और चीन कनेक्शन पर अब सवाल उठ रहे हैं।
Afghanistan-Pakistan Tension: अफगानिस्तान स्थित तालिबान रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि अफगान एयर फोर्स ने पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद समेत कई सैन्य ठिकानों पर ड्रोन हमले किए। इस दावे के बाद क्षेत्र में तनाव बढ़ गया। हालांकि पाकिस्तान ने इन आरोपों को खारिज कर दिया है।
तालिबान का दावा: किन जगहों पर हमले हुए?
तालिबान के अनुसार, दोपहर करीब 11 बजे अफगान एयर फोर्स ने जिन स्थानों को निशाना बनाया, उनमें। इस्लामाबाद में फैजाबाद के पास स्थित मिलिट्री कैंप भी शामिल है। इसके अलावा नौशेरा में आर्मी कैंटोनमेंट, जमरूद की मिलिट्री कालोनी और एबटाबाद का सैन्य ठिकाना शामिल है। तालिबान का कहना है कि ये हमले पाकिस्तान के पहले किए गए हवाई हमलों के जवाब में थे।
पाकिस्तान का पक्ष: ड्रोन गिराए, कोई नुकसान नहीं
पाकिस्तान के अधिकारियों ने तालिबान के दावों को नकार दिया। एक पाकिस्तानी मंत्री ने कहा कि कुछ छोटे ड्रोन हमले की कोशिश कर रहे थे, लेकिन उन्हें एंटी-ड्रोन सिस्टम से मार गिराया गया है। वहीं, सरकार का कहना है कि कोई बड़ा हमला नहीं हुआ और न ही किसी तरह का जान-माल का नुकसान हुआ है। अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्ट्स में भी यह कहा गया कि ड्रोन इंटरसेप्ट कर लिए गए और कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ।
अफगानिस्तान की एयर फोर्स पर सवाल
यह दावा इसलिए भी चौंकाने वाला है क्योंकि अफगानिस्तान के पास मजबूत और आधुनिक एयर फोर्स नहीं है। विशेषज्ञों के मुताबिक, ज्यादातर पुराने हेलीकॉप्टर, सीमित संख्या में ड्रोन, आधुनिक फाइटर जेट की कमी के चलते क्या वास्तव में बड़े पैमाने पर हवाई हमला संभव हो सकता है या फिर इस हमले में सिर्फ छोटे ड्रोन का इस्तेमाल क्थ्या गया।
पहले किसने हमला किया?
तालिबान के मुताबिक, 22 फरवरी को पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के नंगरहार पक्तिक जैसे प्रांतों में हवाई हमले किए थे। तालिबान ने दावा किया कि इन हमलों में 18 नागरिक मारे गए। पाकिस्तान की ओर से इस पर अलग बयान दिया गया था। 27 फरवरी के कथित हमले को तालिबान ने उसी कार्रवाई का जवाब बताया है।


