सार
एंटरटेनमेंट डेस्क । आध्यात्मिक नेता सद्गुरु जग्गी वासुदेव 17 जनवरी को कंगना रनौत की पॉलिटिक्स ड्रामा 'इमरजेंसी' की स्क्रीनिंग में शामिल हुए, जहां उन्होंने युवा दर्शकों से फिल्म के जरिए इतिहास को जानने समझने की अपील की है। कंगना के एक्टिंग और डायरेक्शन में बनी ये फिल्म 1975 में पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी द्वारा लगाए गए आपातकाल की कहानी बताती है। स्क्रीनिंग कार्यक्रम के दौरान, सद्गुरु ने युवाओं को जोर देकर कहा कि उन्हें तो ये मूवी जरुर देखनी चाहिए।
युवाओं से की सद्गुरू ने अपील
सद्गुरु ने कहा, "युवाओं को यह फिल्म जरूर देखनी चाहिए क्योंकि यह हमें इतिहास के बारे में जानने का मौका देती है।" इसका विषय बहुत जटिल जरुर है, लेकिन इसे फिल्म में जिस तरीके से पेश किया गया है। उससे इस समझने में आसानी होती है। उन्होंने बताया कि, "एक बहुत ही जटिल मुद्दे को शानदार ढंग से प्रस्तुत किया गया," सद्गुरु ने कहा कि इतनी महत्वपूर्ण ऐतिहासिक घटना को ढाई घंटे की फिल्म में समेटना कोई आसान काम नहीं है। फिल्म में ऐतिहासिक घटनाओं को पिक्चराइज करने को लेकर उन्होंने कहा कि 'आपातकाल' एक Important Learning Tools के रूप में कार्य करता है।
कंगना और अनुपम की एक्टिंग के मुरीद हुए सद्गुरु
सद्गुरु ने कहा, "50 साल हो गए हैं और अब हम इसे इतिहास मान सकते हैं।" हमारे साथ क्या होता है या अगर हम वही गलतियाँ दोहराते रहते हैं।" उन्होंने इतिहास से सीखने के महत्व पर जोर दिया, खासकर यूथ जनरेशन के लिए जो शायद इस घटना से नहीं गुजरे होंगे। सद्गुरु ने आपातकाल के दौरान अपने एक्सपीरिएंस भी शेयर किए । इसके साथ ही उन्होंने बेहतरीन अभिनय के लिए कंगना और अनुपम खेर को खूब शाबासी दी है।
कंगना और अनुपम की एक्टिंग के मुरीद हुए सद्गुरु
सद्गुरु ने कहा, "50 साल हो गए हैं और अब हम इसे इतिहास मान सकते हैं।" हमारे साथ क्या होता है या अगर हम वही गलतियाँ दोहराते रहते हैं।" उन्होंने इतिहास से सीखने के महत्व पर जोर दिया, खासकर यूथ जनरेशन के लिए जो शायद इस घटना से नहीं गुजरे होंगे। सद्गुरु ने आपातकाल के दौरान अपने एक्सपीरिएंस भी शेयर किए । इसके साथ ही उन्होंने बेहतरीन अभिनय के लिए कंगना और अनुपम खेर को खूब शाबासी दी है।